Indians/Indian origins won Nobel Prize

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Indians/Indian origins won Nobel Prize

जब भी दुनिया के बड़े पुरस्कारों की बात होगी तो उसमे नोबेल पुरस्कार का नाम अग्रणी रहेगा। हर वर्ष फिजिक्स, केमिस्ट्री,मेडिसिन , साहित्य, शांति और अर्थशास्त्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए दिया जाता है।

नोबेल पुरस्कार के पीछे व्यक्ति

Alfred nobel

नोबेल पुरस्कार के शुरुआत की कहानी http://www.nairahein.com/story-behind-starting-of-nobel-prize/

नोबेल पुरस्कार की शुरुआत 1901 में हुई थी तथा अब तक  कुल 904 लोगो को प्रदान  किया जा चूका है, जिसमे 852 पुरुष एवं 52 महिलाये हैं। साथ ही साथ 1901 से 2018 तक कुल 24 संस्थाओं को भी नोबेल पुरस्कार प्रदान किया जा चूका है।

भारतीय जिन्हे नोबेल पुरस्कार प्रदान किया जा चूका है।

कुल नोबेल पुरस्कार विजेताओं में से13 भारतीय या भारतीय मूल के व्यक्ति रह चुके हैं।


भारतीय लोगो को मिले नोबेल पुरस्कार के कुछ रोचक तथ्य


रविंद्र नाथ टैगोर प्रथम एशियाई तथा भारतीय थे जिन्हे नोबेल पुरस्कार (साहित्य के क्षेत्र में )मिला है।


मदर टेरेसा एकमात्र भारतीय महिला (अल्बनियाई मूल की ) हैं जिन्हे नोबेल पुरस्कार (शांति के लिए ) मिला है।


दो भारतीय लोगो को नोबेल पुरस्कार के लिए नामांकित किया गया है पर दुर्भाग्यवश उन्हें नोबेल पुरस्कार मिल नहीं सका है।

1. श्री अरबिंदो – भारतीय कवि, दार्शनिक, राष्ट्रवादी तथा इंटीग्रल योग के जनक।
    इन्हे दो बार नामांकित किया गया, पहली बार 1943 में साहित्य (Literature) के लिए एवं दूसरी बार 1950 में शांति (Peace) के लिए।


2. महात्मा गाँधी – महात्मा गाँधी को 5 बार (1937, 1938, 1939, 1947 और 1948)नोबेल पुरस्कार(Nobel Prize) के लिए नामांकित किया जा चूका है , जिसमे हर बार शांति के लिए ही किया गया है।


ये 1 दिसंबर 1999 में नार्वेजियन नोबेल समिति (Norwegian Nobel Committee)ने कन्फर्म किया है।


नार्वेजियन नोबेल समिति के सेक्रेटरी गैर लुंड्स्टड (Geir Lundestad) ने इस बात को स्वीकार किया की महात्मा गाँधी को नोबेल पुरस्कार न देना नोबेल पुरस्कार के 106 साल के इतिहास की सबसे बड़ी भूल और त्रासदी है।

जिन भारतीयों ने नोबेल पुरस्कार प्राप्त किया

1. रविंद्र नाथ टैगोर

रविंद्र नाथ टैगोर को हम गुरुदेव, कबिगुरु या विश्वगुरु रविंद्र नाथ टैगोर के नाम से भी जानते हैं।


रविंद्र नाथ टैगोर प्रथम एशियाई तथा भारतीय थे जिन्हे नोबेल पुरस्कार (साहित्य के क्षेत्र में )मिला है।


इन्हे 1913 में इनकी रचना गीतांजलि के लिए साहित्य के क्षेत्र में नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।


रविंद्र नाथ टैगोर का जन्म 7 मई 1861 तथा मृत्यु 7 अगस्त 1941 को हुई थी।
रविंद्र नाथ टैगोर की महान रचनाएँ
1. गीतांजलि
2. गोरा
3. घरे बैरे


रविंद्र नाथ टैगोर ने दो देशो के राष्ट्रगान लिखा है तथा एक देश का राष्ट्रगान इनसे प्रेरित है।
भारत – जन गण मन
बांग्लादेश – आमार सोनार बांग्ला
श्री लंका – इनकी रचना से प्रेरित


रविंद्र नाथ टैगोर को ब्रिटिश सर्कार द्वारा नाइटहुड (Knighthood) की उपाधि भी दी गयी थी जिसे उन्होंने 1919 में जनरल डायर द्वारा किये गए जलियावाला बाग़ नरसंहार के विरोध में वापस कर दिया था।


25 मार्च 2004 को विश्व भारती विश्वविद्यालय से रविंद्र नाथ टैगोर का नोबेल पुरस्कार चोरी हो गया था जिसपर  एक फिल्म बानी थी “नोबेल चोर” .

सी वी रमन


सी वी रमन प्रथम एशियाई एवं भारतीय हैं जिन्हे विज्ञानं के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य के लिए नोबेल पुरस्कार मिला है।
इन्हे 1930में रमन इफ़ेक्ट (रमन स्कैटरिंग ) के लिए नोबेल पुरस्कार मिला है।
बाद में सी वी रमन को 1954में भारत रत्न से भी सम्मानित किया गया है।

मदर टेरेसा

मदर टेरेसा अलबेनियन मूल की भारतीय महिला हैं जिन्हे शांति के क्षेत्र में नोबेल पुरस्कार मिला है।


ये प्रथम भारतीय महिला हैं जिन्हे नोबेल पुरस्कार मिला है।


इनका जन्म 26 अगस्त 1910 तथा मृत्यु 5 सितम्बर 1997 को हुई थी। 

1950 में इन्होने मिशनरी ऑफ़ चैरिटी की स्थापना कोलकाता में की थी।
इनको 1962 में रेमैन मैग्ससे पुरस्कार तथा 1979 में शांति के लिए नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया।

मदर टेरेसा को भारत के सर्वोच्च सम्मान भारत रत्न से 25 जनवरी 1980 को सम्मानित किया गया था।

अमर्त्य सेन

इनका जन्म 3 नवंबर 1933 को हुआ था।
इन्हे 1998 में नोबेल मेमोरियल प्राइज फॉर इकोनॉमिक्स तथा 1999 में भारत सरकार द्वारा भारत रत्न से सम्मानित किया गया।

कैलाश सत्यार्थी

कैलाश सत्यार्थी को मलाला युसूफ जई के साथ संयुक्त रूप से 2014 में शांति के लिए नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया।


इन्हे बच्चों एवं युआवों के हो रहे शोषण के विरुद्ध संघर्ष तथा सभी बच्चों के शिक्षा के अधिकार के लिए  संघर्ष करने के लिए शांति के नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया।


इन्होनें बहुत सारे सामाजिक संगठनों तथा संस्थाओं की स्थापना की जिनमें से
1. बचपन बचाओ आंदोलन
2. Global March against Child Labour
3. Global campaign for Education
4. Kailash Satyarthi Children Foundation
प्रमुख हैं।


कैलाश सत्यार्थी के द्वारा लिखी गई कुछ पुस्तकें हैं


1. आजाद बचपन की ओर
2. बदलाव के बोल तथा
3. Will for children 

कुछ और भारतीय नोबेल पुरस्कार विजेताओं की कहानी अगले अंक में।

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